भारत के यवन राज्य 4
# 17. भारत के यवन राज्य ➤ भारत पर आक्रमण करनेवाले विदेशी आक्रमणकारियों का क्रम है—हिन्द-यूनानी \rightarrow शक \rightarrow पह्लव \rightarrow कुषाण। ➤ सेल्युकस के द्वारा स्थापित पश्चिमी तथा मध्य एशिया के विशाल साम्राज्य को इसके उत्तराधिकारी एण्टिओकस प्रथम ने अक्षुण्ण बनाए रखा। एण्टिओकस-II के शासनकाल में विद्रोह के फलस्वरूप उसके अनेक प्रांत स्वतंत्र हो गए। ➤ बैक्ट्रिया के विद्रोह का नेतृत्व डियोडोटस प्रथम ने किया था। बैक्ट्रिया पर डियोडोटस प्रथम के साथ इन राजाओं ने क्रमशः शासन किया—डियोडोटस-II, यूथिडेमस, डेमिट्रियस, मिनांडर, युक्रेटाइड्स, एण्टी आलकीडस तथा हर्मियस। ➤ भारत पर सबसे पहले आक्रमण बैक्ट्रिया के शासक डेमिट्रियस ने किया। इसने 190 ईसा पूर्व में भारत पर आक्रमण कर अफगानिस्तान, पंजाब एवं सिंध के बहुत बड़े भाग पर अधिकार कर लिया। इसने शाकल को अपनी राजधानी बनायी। इसे ही हिन्द-यूनानी या बैक्ट्रियाई यूनानी कहा गया। ➤ हिन्द-यूनानी शासकों में सबसे अधिक विख्यात मिनांडर (165-145 ईसा पूर्व) हुआ। इसकी राजधानी शाकल (आधुनिक सियालकोट) शिक्षा का प्रमुख केन्द्र था। ➤ मिनांडर ने नागसेन (नागार्जुन) से ...